संजीवनी टुडे

विश्व तंबाकू निषेध दिवस: कोरोना वायरस से मरने वालों का धूम्रपान से है सीधा संबंध

संजीवनी टुडे 31-05-2020 08:11:09

विश्व तंबाकू निषेध दिवस को तम्बाकू से होने वाले नुक़सान को देखते हुए साल 1987 में विश्व स्वास्थ्य संगठन के सदस्य देशों ने एक प्रस्ताव द्वारा 7 अप्रैल 1988 से मनाने का फ़ैसला किया था। इसके बाद साल हर साल की 31 मई को तम्बाकू निषेध दिवस मनाने का फ़ैसला किया गया।


डेस्क। विश्व तंबाकू निषेध दिवस को तम्बाकू से होने वाले नुक़सान को देखते हुए साल 1987 में विश्व स्वास्थ्य संगठन के सदस्य देशों ने एक प्रस्ताव द्वारा 7 अप्रैल 1988 से मनाने का फ़ैसला किया था। इसके बाद साल हर साल की 31 मई को तम्बाकू निषेध दिवस मनाने का फ़ैसला किया गया। लेकिन वर्तमान समय में दुनियाभर में कोरोना वायरस का फैलता संक्रमण एक बड़ा संकट बन गया। कई अध्ययनों के माध्यम से ऐसा कहा जा रहा है कि, सिगरेट, बीड़ी, ई-सिगरेट, हुक्का इत्यादि के सेवन के साथ गुटखा, खैनी, मावा इत्यादि चबाने वाले लोगों में संक्रमण के चपेट में आने की आशंका ज्यादा होती है।

World prohibition smoking day

विश्व स्वास्थ संगठन (WHO) के विशेषज्ञों के अनुसार धूम्रपान करने वालों में अन्य लोगों की तुलना में कोरोना संक्रमण होने का ज्यादा खतरा होता है।

लक्षण बढ़ा देता है तंबाकू :

डॉक्टरों के अनुसार तंबाकू का इस्तेमाल कोरोना के लक्षणों के गंभीर होने का खतरा बढ़ा देता है। धूम्रपान नहीं करने वालों की तुलना में ऐसा करने वाले मरीजों पर कोरोना का ज्यादा खतरा है।

World prohibition smoking day

थूकने से संक्रमण का खतरा :

धूम्रपान से दिल, मधुमेह, उच्च रक्तचाप, क्रोनिक रेस्पिरेटरी या कैंसर जैसी समस्याएं बढ़ती हैं, जिससे कोरोना संक्रमित मरीज गंभीर लक्षणों को सहन नहीं कर पाते। आईसीएमआर का भी कहना है कि तंबाकू खाकर थूकने से संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।

World prohibition smoking day

डॉक्टरों का कहना है कि नशे का सेवन करने वाले व्यक्ति की प्रतिरोधक क्षमता कम होती हैं। जिससे उनमें कोरोना वायरस बढ़ने का खतरा अधिक होता है। जबकि अन्य व्यक्तियों में इससे लड़ने की क्षमता होती है। अगर वह कोरोना की चपेट में आ भी गए तो उनके शरीर की प्रतिरोधक क्षमता इतनी अधिक रहेगी कि कोरोना उनको मात नहीं दे पाएगा। जांच में इसकी पुष्टि भी हो गई तो दवाओं से वह ठीक हो जाएगा। लेकिन अगर नशे का आदि करने वाला व्यक्ति इसकी चपेट में आ गया तो उसके अंदर वायरस से लड़ने की ताकत नहीं होगी। जिसके चलते कोरोना उसके शरीर को जल्दी से प्रभावित कर देगा। जिसमें उसकी जान भी जा सकती है। 

यह खबर भी पढ़े: सिर्फ 7 दिन तक खा लें भीगे हुए छुहारे, फिर देखे कमाल

यह खबर भी पढ़े: लंग कैंसर: इन लक्षणों को न करें अनदेखा, तुरंत कराएं उपचार

ऐसी ही ताजा खबरों व अपडेट के लिए डाउनलोड करे संजीवनी टुडे एप

More From world

Trending Now
Recommended