संजीवनी टुडे

भारतीय संस्कृति के रक्षक है संत: जगदीशदास

संजीवनी टुडे 22-05-2019 22:52:13


हरिद्वार। मां गंगा के पावन तट पर सन्त दर्शन, भागवत श्रवण व गंगा स्नान से मनुष्य जीवन के सभी संताप नष्ट हो जाते हैं और मनुष्य का जीवन भक्तिमय होकर सद्मार्ग की ओर अग्रसर हो जाता है। सन्त महात्मा भारतीय संस्कृति व सनातन धर्म के संवाहक हैं। वर्तमान आधुनिक व अपसंस्कृति की चुनौतियों के बीच अपने शिष्यों के जीवन को लक्ष्य की ओर बढ़ाने का काम भी सन्त महापुरुषों के सानिध्य में होने से जीवन भवसागर से पार हो जाता है। यह उदगार बुधवार को हरिहर पुरुषोत्तम भागवत धाम में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा ज्ञानयज्ञ के विश्राम व वार्षिकोत्सव के अवसर पर आयोजित सन्त सम्मेलन को संबोधित करते हुए स्वामी जगदीश दास उदासीन महाराज ने व्यक्त किये। 

कहा कि संत भारतीय संस्कृति के सच्चे रक्षक है, जिन्होंने अपना सम्पूर्ण जीवन भारत की सनातन संस्कृति परम्परा को जीवंत रखने के लिए समर्पित किया है। इस मौके पर बाबा हठयोगी ने कहा कि सन्तों को अपना जीवन भारतवर्ष की रक्षा व संस्कृति को बचाने के लिए भी समर्पित करना पड़े तो पीछे नहीं हटना चाहिए। हमें अपने प्राणों की परवाह न करते हुए अपने शिष्यों भक्तों को समय-समय पर सनातन संस्कृति व धर्म के प्रति जागरूक करना चाहिए तभी देश व धर्म के कल्याण के साथ-साथ स्वयं का भी कल्याण होगा। 

प्लीज सब्सक्राइब यूट्यूब बटन

सन्त सम्मेलन को नगर पालिका अध्यक्ष सतपाल ब्रह्मचारी महाराज स्वामी ऋषि रामकृष्ण महाराज, स्वामी देवानन्द सरस्वती महाराज, स्वामी शिवानंद महाराज आदि ने सम्बोधित किया।

मात्र 240000/- में टोंक रोड जयपुर में प्लॉट 9314166166

More From state

Trending Now