संजीवनी टुडे

भूजल पुनर्भरण की योजना मारवी को अपना रहे है कई देश-सिंह

इनपुट- यूनीवार्ता

संजीवनी टुडे 12-09-2019 18:54:37

जलपुरूष राजेन्द्रसिंह ने कहा है कि ग्राम समुदाय की सहभागिता से भूजल पुनर्भरण और प्रबंधन की मारवी योजना को विश्व के कई देश अपना रहे है।


उदयपुर। मैग्सेसे अवार्ड़ से सम्मानित जलपुरूष राजेन्द्रसिंह ने कहा है कि ग्राम समुदाय की सहभागिता से भूजल पुनर्भरण और प्रबंधन की मारवी योजना को विश्व के कई देश अपना रहे है।

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सिंह ने गुरूवार को उदयपुर के विद्या भवन रुरल इंस्टिट्यूट में भूजल के प्रबंधन पर पत्रकारो से बातचीत में कहा कि भूजल प्रबंधन की मारवी योजना के तहत भूजल उपयोग, मांग और खपत, प्रति जल उत्पादन, भूजल की कमी से शिक्षा पर प्रभाव सहित कई जानकारियों को समझने में भी मदद मिलती है।

उन्होंने बताया कि उदयपुर से शुरू हुआ यह प्रयोग महाराष्ट्र, उत्तराखंड, उड़ीसा, कर्नाटक, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश सहित कई राज्यों के साथ दक्षिण अफ्रीका और लाओस जैसे देश भी अपना रहे हैं।

सिंह ने इस अवसर पर भूजल के प्रबंधन को लेकर बनाई गई पुस्तिकाओं और मोबाइल एप माईवेल का विमोचन किया। इस पुस्तिका के अंदर 32 वैज्ञानिकों और 36 ग्राम वैज्ञानिको की ओर से भूजल पुर्नभरण को लेकर किए गए सहभागिता पूर्ण विधियों, तरीकों और साधनों को दर्शाया गया है।

गौरतलब है कि उदयपुर जिले के धारता, हिंता इत्यादि पांच गांवों एवं गुजरात के धानधीया, तरकवाडिया इत्यादि छह गांवों में ग्राम वासियो तथा देश विदेश के प्रसिद्ध वैज्ञानिकों ने मिलकर भूजल प्रबंधन एवं जल वृद्धि का एक सफल प्रयोग 'मारवी' किया है। भारत सरकार के जल शक्ति अभियान में भी मारवी के अनुभवों को शामिल किया गया है।

गोवर्मेन्ट एप्रूव्ड प्लाट व फार्महाउस मात्र रु. 2600/- वर्गगज, टोंक रोड (NH-12) जयपुर में 9314166166

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