संजीवनी टुडे

7 माह की बच्ची से दुष्कर्म के आरोपी को 22 दिन में कोर्ट ने सुनाई सजा-ए-मौत

संजीवनी टुडे 21-07-2018 20:01:18


नई दिल्ली। राजस्थान में अलवर के लक्ष्मणगढ़ थाना इलाके में सात माह की बच्ची को घर से उठाकर ले जाने के बाद उससे दुष्कर्म करने के मामले में अलवर की विशेष अदालत ने आरोपित पिंटू भराड़ा को फांसी की सजा सुनाई है ।

विशिष्ट न्यायाधीश जगेंद्र अग्रवाल ने इस मामले में 22 दिन प्रतिदिन सुनवाई करते हुए आरोपित को सभी धाराओं में दोषी मानते हुए दोषी करार दिया है। राजस्थान का यह पहला मामला है, जिसमें मात्र 2 माह और 11 दिन में आरोपी को सजा सुना दी गई। सजा सुनाए जाते समय न्यायाधीश ने कठोर कानून बनाने के लिए सरकार को धन्यवाद देते हुए कहा कि जागरूकता की जरूरत है। 

दरअसल,केंद्र सरकार की ओर से पोक्सो एक्ट में हाल ही किए गए नए संसोधन के बाद 12 वर्ष के कम उम्र की बच्चियों से दुष्कर्म के मामले में फांसी की सजा का प्रावधान किया गया है। इस कारण आरोपित के खिलाफ भारतीय धारा 363, 366, 376 ए बी 5एम/6 पोक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज था।

गौरतलब है की गत 9 मई को लक्ष्मणगढ़ इलाके में  आरोपित 19 वर्षीय पिंटू भराड़ा दृष्टिहीन ताई की गोद से 7 माह की बच्ची को छीनकर ले गया था। बाद में गांव के जोहड़ के पास ले जाकर मासूम से दरिंदगी की, ग्रामीणों ने आरोपी को पकड़कर उसकी जमकर पिटाई करने के बाद उसे पुलिस के हवाले कर दिया गया था। 

जयपुर में प्लॉट मात्र 2.40 लाख में call: 09314166166

MUST WATCH

दरअसल, वारदात के समय पीड़ित बच्ची की मां पानी लेने गई हुई थी। इस दौरान वह सात माह की बेटी को अपनी दृष्टिहीन जिठानी के पास छोड़कर गई थी। 10 मई को पुलिस में मामला दर्ज हुआ और इसके बाद पुलिस 18 मई को पुलिस ने कोर्ट में चालान पेश कर दिया। कोर्ट ने प्रतिदिन सुनवाई करते हुए 22 कार्य दिवस में आरोपित को फांसी की सजा सुना दी। 

Rochak News Web

More From state

Trending Now
Recommended