संजीवनी टुडे

Corona ने लगाया टोक्यो-2020 ओलंपिक पर ब्रेक, जानिए भारत पर क्या पड़ेगा इसका असर

संजीवनी टुडे 25-03-2020 07:38:06

गवर्नर ने कहा कि विलंबित ओलंपिक को अब भी टोक्यो 2020 कहा जाएगा।


डेस्क। वैश्विक महामारी बन चुके कोरोना वायरस के कारण टोक्यो-2020 ओलंपिक खेलों को जापान के प्रधानमंत्री और अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति एक साल के लिए स्थगित करने पर सहमत हो गए हैं। गवर्नर ने कहा कि विलंबित ओलंपिक को अब भी टोक्यो 2020 कहा जाएगा। अमेरिका, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के ओलंपिक खेलों के लिए खिलाड़ी ना भेजने के फैसले के बाद ही खेलों के इस महाकुंभ को एक साल के लिए टालने का दबाव बन रहा था।

Tokyo Olympic

टोक्यो ओलंपिक खेलों में भारत के लिए स्वर्ण पदक की सबसे बड़ी उम्मीद मनु भाकर का मानना है कि ट्रायल्स और प्रतियोगिताएँ स्थगित ही होनी चाहिए क्योंकि दूसरी बेहद महत्वपूर्ण चीज़ें हैं जिससे दुनिया को निबटना है। दो बार राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीत चुकीं और 48 किलो भार वर्ग में में भाग लेने वाली महिला भारोत्तोलक मीराबाई चानू भी कह चुकी है कि अगर ओलंपिक नहीं हुए तो उनकी चार साल की मेहनत बेकार चली जाएगी।

Tokyo Olympic

अब इतना तो तय ही है कि टोक्यो ओलंपिक खेलों के अगले साल तक स्थगित होने से खिलाड़ियों का मनोबल पूरी तरह से टूटने से बच गया है लेकिन अब उन्हें अलग तरह से तैयारी करनी पड़ेगी. पर ज़रा सोचिए अगर टोक्यो ओलंपिक रद्द ही हो जाते तो क्या होता?

Tokyo Olympic

दरअसल, प्रमुख विश्व भर में फैली कोरोना वायरस महामारी के कारण टोक्यो 2020 ओलंपिक खेलों को एक साल के लिए स्थगित करने की पेशकश की और आईओसी अध्यक्ष थामस सहमत हो गए हैं। गवर्नर ने कहा कि विलंबित ओलंपिक को अब भी टोक्यो 2020 कहा जाएगा। वहीं, जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने कहा कि विलंब से ओलंपिक का आयोजन वायरस की हार का प्रतीक होगा।

Tokyo Olympic

जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने कहा, ''मैंने खेलों को एक साल के लिए स्थगित करने की पेशकश की और (आईओसी अध्यक्ष थामस) बाक ने इस पर शत प्रतिशत सहमति जताई।'' ओलंपिक खेलों का आयोजन 24 जुलाई से नौ अगस्त 2020 के बीच होना था, अब ओलंपिक 2021 में होगा। टोक्यो ने खेलों की मेजबानी पर 12 अरब 60 करोड़ डॉलर खर्च किया है और इसके ताजा बजट को देखते हुए विशेषज्ञों का मानना है कि खेलों को स्थगित करने से छह अरब डॉलर का अतिरिक्त खर्चा होगा।

Tokyo Olympic

कोविड-19 के कारण विश्व भर में अभी तक 17,000 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। ओलंपिक खेलों के लिए जापान के स्टेडियम काफी पहले ही तैयार हो गए थे और बड़ी संख्या में टिकट भी बिक गए थे। कोरोना वायरस के कारण अधिकतर खिलाड़ियों के लिए ओलंपिक की तैयारियां करना मुश्किल हो गया था। यह टोक्यो शहर के लिए बड़ा झटका है, जिसकी ओलंपिक खेलों की तैयारियों के लिए अब तक काफी सराहना हुई है। ओलंपिक को अब बहिष्कार, आतंकी हमले और विरोधों का सामना करना पड़ा है, लेकिन 1948 के बाद इन्हें हर चार साल में आयोजित किया जाता रहा है।

Tokyo Olympic

कनाडियन ओलंपिक कमिटी (COC) और कनाडियन पैरालंपिक कमिटी (CPC) ने कहा था कि कोरोना वायरस के चलते वह ओलंपिक और पैरालंपिक में हिस्सा नहीं लेगा। वहीं, ऑस्ट्रेलियाई ओलंपिक कमिटी ने सोमवार को अपने खिलाड़ियों को कहा था कि वे सभी अगले साल यानी 2021 को ध्यान में रखते हुए ओलंपिक की तैयारियां करें।

यह खबर भी पढ़े: कोरोना वायरस: पठान भाइयों ने 4000 मास्क वडोदरा स्वास्थ्य विभाग को दिए

यह खबर भी पढ़े: धोनी के बाद इस दिग्गज को सालाना कॉन्ट्रैक्ट लिस्ट में नहीं मिली जगह

मात्र 289/- प्रति sq. Feet में जयपुर में प्लॉट बुक करें 9314166166

 

ऐसी ही ताजा खबरों व अपडेट के लिए डाउनलोड करे संजीवनी टुडे एप

More From sports

Trending Now
Recommended