संजीवनी टुडे

प्राइवेट ट्रेन खुद तय करेंगी अपना किराया, सरकार का नहीं होगा कोई दखल

संजीवनी टुडे 18-09-2020 17:15:05

भारत में प्राइवेट ट्रेन प्रारम्भ होने के पश्चात सरकार उनको ऑपरेट करने वाली कंपनियों को किराया निर्धारित करने की छूट प्रदान करने जा रही है।


नई दिल्ली। भारत में प्राइवेट ट्रेन प्रारम्भ होने के पश्चात सरकार उनको ऑपरेट करने वाली कंपनियों को किराया निर्धारित करने की छूट प्रदान करने जा रही है। भारतीय रेल बोर्ड के चेयरमैन वीके यादव के मुताबिक प्राइवेट कंपनियों को अपनी तरह से किराया तय करने की छूट होगी। 

हालांकि उन रूट पर यदि एसी बसें तथा प्लेन की भी सुविधा है तो किराया तय करने के पूर्व कंपनियों को इस बात का ध्यान रखना होगा। जानकारी के मुताबिक, हिंदुस्तान ने इस परियोजना में रुचि रखने वाली कंपनियों को जुलाई में 151 ट्रेनों के माध्यम से 109 ओरिजिन डेस्टिनेशनल पर यात्री ट्रेनें चलाने 
हेतु अपनी इच्छा व्यक्त करने को था। 

भारत में ट्रेन चलाना चाहती हैं ये कंपनियां
वीके यादव की माने तो एल्सटॉम, बॉम्बार्डियर इंक, जीएमआर इन्फ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड एवं अडानी एंटरप्राइजेज लिमिटेड ने इन परियोजनाओं में इच्छा दिखाई है। भारत के रेल मंत्रालय के अंदाजे की माने तो, ये परियोजनाएं अगले 5 वर्ष में 7.5 बिलियन डॉलर से ज्यादा का निवेश ला सकती हैं। 

ट्रेनों का किराया है बड़ा मुद्दा
एक रिपोर्ट की माने तो वर्षों से चली आ रही लापरवाही और इनएफिसिएंट ब्यूरोक्रेसी के कारण मोदी सरकार ने निजी कंपनियों को स्टेशनों के आधुनिकीकरण से लेकर ट्रेनों परिचालन ट्रेनों तक में हिस्सा लेने हेतु आमंत्रित किया है। जानकारी के मुताबिक भारत में रेलवे का किराया राजनीतिक रूप से संवेदनशील मुद्दा रहा है। हिंदुस्तान के गरीबों का बड़ा भाग परिवहन हेतु रेलवे के व्यापक नेटवर्क पर निर्भर करता है। 

यह खबर भी पढ़े: आगामी टी-20 श्रृंखला के दौरान 'ब्लैक लाइव्स मैटर' का समर्थन करेंगी इंग्लैंड-वेस्टइंडीज की महिला क्रिकेट टीमें

ऐसी ही ताजा खबरों व अपडेट के लिए डाउनलोड करे संजीवनी टुडे एप

More From business

Trending Now
Recommended