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शुंगलू रिपोर्ट पर जल्दबाजी में कोई कार्रवाई नहीं की जाए: SC
sanjeevnitoday.com | Monday, November 28, 2016 | 02:25:01 PM
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नई दिल्ली। आप सरकार ने आज उच्चतम न्यायालय से कहा कि शीर्ष अदालत में लंबित दिल्ली-केंद्र के बीच विवाद पर कोई फैसला आने तक शुंगलू समिति की रिपोर्ट पर कोई ‘‘जल्दबाजी में कार्रवाई’’ नहीं की जानी चाहिए। न्यायमूर्ति ए के सिकरी और ए एम सप्रे की पीठ ने कहा कि शुंगलू समिति के पहलू पर पांच दिसंबर को विचार किया जाएगा। इसी दिन मामले पर विस्तृत सुनवाई होनी है।

दिल्ली सरकार की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता गोपाल सुब्रमण्यम ने कहा कि शुंगलू समिति ने अपनी रिपोर्ट उप राज्यपाल को सौंपी है और इस रिपोर्ट को लेकर कई आशंकाएं हैं। उन्होंने कहा की शुंगलू समिति की रिपोर्ट पर रोक लगायी जाये ताकि इस पर जल्दबाजी में कोई कार्रवाई नहीं की जा सके। 

केंद्र की ओर से सॉलिसिटर जनरल रंजीत कुमार ने कहा कि रिपोर्ट कल ही जमा की गई है और इसमें क्या है यह किसी को नहीं पता है। पीठ ने कहा कि सभी मुद्दों पर पांच दिसंबर को विचार किया जाएगा। उपराज्यपाल नजीब जंग ने आप सरकार के फैसलों से संबंधित 400 फाइलों की जांच के लिए शुंगलू समिति का गठन 30 अगस्त को किया था। समिति के अध्यक्ष पूर्व नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक वी के शुंगलू थे।

 इसमें दो अन्य सदस्यों में पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त एन गोपालस्वामी और पूर्व मुख्य सर्तकता आयुक्त प्रदीप कुमार शामिल थे। उच्च न्यायालय के फैसले के खिलाफ दिल्ली सरकार की अपील पर सुनवाई से 15 नवंबर को शीर्ष अदालत के एक न्यायाधीश ने खुद को अलग कर लिया था। उच्च न्यायालय ने अपने फैसले में उप राज्यपाल को प्रशासनिक प्रमुख बताते हुये कहा था कि सभी प्रशासनिक फैसलों में उनकी पूर्व अनुमति जरूरी है।

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