मकान मालिक की बेटी से मैनेजर ने किया दुष्कर्म इंदु सरकार पर संकट के बादल, लग सकती है रिलीज पर रोक केले खाने से होते है ये 35 गजब के फायदे... श्रीलंका टीम को झटका, फील्डिंग के दौरान गुणरत्ने के बाएं हाथ के अंगूठे में लगी चोट, सीरीज हुए बाहर मरीज को राहत पहुंचाने वाली व्यवस्था खुद बीमार गाले टेस्ट में लगी रिकॉर्ड की झड़ी, भारतीय टीम मजबूत स्थिति में इस देश में लड़कियों की जांघो पर विज्ञापन स्वस्थ, मस्त, जबर्दस्त रहने के लिए अपनाये ये खान-पान और जीवन शैली पूरी लगन और निष्ठा के साथ करें अपना कार्य: कौल सिंह ठाकुर बिंगो कंपनी ने लॉन्च किए एफ1 और एफ2 फिटनेस बैंड जो देंगे आपको बेहतर जीवनशैली लड़की के इन शारीरिक संकेतो से समझे कि वो आपसे क्या चाहती है जाने: बारिश के मौसम में फिट रहने के आसान तरीके श्रद्धालुओं के लिए स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाना सराहनीय कार्य पापा मम्मी के साथ तैमूर अली खान निकले स्विट्जरलैंड में वेकेशन मनाने छात्रों ने लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने के लिए रैली निकाली अक्षय कुमार को बेटी नितारा ने मारी ऐसी लात कि हिल उठे बॉलीबुड के खिलाडी शिविर में177 दिव्यांग छात्र छात्राओं का स्वास्थ्य जांचा वेतन न मिलने के कारण स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों में भारी रोष उद्यमिता राजस्थानियों के डीएनए में, जो देश नहीं विदेशो में भी है सफल: राजे ये हैं दुनिया की अजब-गजब बिल्डिंग्स देखकर घूम जाए आपका सिर
1952 में हुआ पहला राष्ट्रपति चुनाव, आज है 15वां...
sanjeevnitoday.com | Monday, July 17, 2017 | 10:28:00 AM
1 of 1

नई दिल्ली। 14वें राष्ट्रपति के लिए रामनाथ कोविंद का मुकाबला मीरा कुमार से है. संख्याबल को देखते हुए एनडीए के उम्मीदवार रामनाथ कोविंद की जीत तय मानी जा रही है। उनकी प्रतिद्वंदी मीरा कुमार का राजनेता के रूप में और अधिक शानदार करियर है, लेकिन कोविंद राष्ट्रपति बनने के लिए तैयार हैं। 

 

बता दे की वोटों की गिनती 20 जुलाई को दिल्ली में होगी, जहां सभी बैलेट बॉक्स लाए जाएंगे। इसी दिन नतीजों का भी ऐलान होगा। राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का कार्यकाल 24 जुलाई को खत्म हो जाएगा। आज संसद भवन और राज्य विधानसभाओं में सुबह 10 बजे से लेकर शाम 5 बजे तक वोट डाले जाएंगे। 

 

आपको बता दे की पहली बार राष्ट्रपति चुनाव 1952 में हुए थे, तब से लेकर अब तक इस पद के लिए ये 15वां चुनाव है। राष्ट्रपति पद के लिए 1952, 1957, 1962, 1967 और 1969 में हुए चुनावों में यह देखने में आया कि निर्वाचित होने की कोई आशा नहीं होने पर भी कुछ लोगों ने नामांकन पत्र भरे। कुछ व्यक्तियों ने तो राष्ट्रपति पद के लिए निर्वाचन को हल्के ढंग से लेते हुए इसे न्यायालय में भी चुनौती दी। 

WATCH VIDEO

NOTE: संजीवनी टुडे Youtube चैनल सब्सक्राइब करने के लिए क्लिक करे !

जयपुर में प्लॉट ले मात्र 2.20 लाख में: 09314188188



FROM AROUND THE WEB

0 comments

Most Read
Latest News
© 2015 sanjeevni today, Jaipur. All Rights Reserved.