मानगढ़ धाम को क्यों कहा जाता जलियावाला बाग? पढ़िए पूरी कहानी ईरान मैक्सिको को हराकर U-17 फुटबॉल विश्व कप के अंतिम आठ में पहुंचे बांसवाड़ा के मानगढ़ धाम में बनेगा राष्ट्रीय जनजाति संग्रहालय 'ताजमहल भारत मां के सपूतों के खून-पसीने से बना है': CM योगी दिल्ली में एयर क्वालिटी खतरनाक स्तर पर, डीजल जनरेटर तक को करना पड़ा बैन न्यूजीलैंड को बोर्ड इलेवन ने अभ्यास मैच 30 रनों से धोया मुख्यमंत्री ने दिया राज्य कर्मचारियों को दीपावली का तोहफा, राज्य कर्मचारियों के लिए 7वां वेतन आयोग लागू BCCI की अपील पर केरल हाईकोर्ट ने श्रीसंत पर जारी रखा आजीवन बैन भारतीय खाद्य निगम ने वॉचमैन पदों के लिए माँगा आवेदन BCCI ने कुंबले को दी बर्थ डे की बधाई, फैंस के विरोध पर बदलना पड़ा ट्‍वीट पीडीपी के पूर्व पंचायत सदस्य की कल की थी हत्या, आज जला दिया घर IAS किरण सोनी की कृति शेल्टर का पेरिस के लॉवर संग्रहालय में लगने वाली प्रदर्शनी के लिए चयन वाणी कपूर ने फिल्म ‘दाग’ के गाने पर किया हॉट डांस B' day special: सिमी ग्रेवाल ने मनाया 70वां जन्मदिन, जामनगर के महाराजा से था अफेयर क्यों नहीं आ रहे है ATM से 200 रुपये के नोट? ये रहा जवाब कादर खान ना बोलते ना चलते, तस्वीर वायरल BSF ने सुचेतगढ़ इलाके से पाकिस्तानी घुसपैठिये को किया गिरफ्तार इस शिव मंदिर की मूर्तियों को छूने से डरते है लोग उत्तर कोरिया और अमेरिका के बीच कभी भी हो सकता है परमाणु युद्ध : किम इन यॉन्ग हर महीने लाखों रुपए कमाती है 8 साल की ये लड़की
व्यक्ति की AIDS से मौत होने के कारण श्मशान में दाह संस्कार का विरोध, मजबूरी में घर के सामने ही जलाना पड़ा
sanjeevnitoday.com | Monday, October 17, 2016 | 04:56:14 PM
1 of 1

भुवनेश्वर। ओडिशा के बालासोर में AIDS रोगी की मौत के बाद भेदभाव का मामला सामने आया है। आरोप है कि गांववालों ने श्मशान में उसका अंतिम संस्कार नहीं करने दिया। विरोध के बाद मजबूरी में दलित फैमिली को अपने घर के सामने ही शख्स की चिता जलानी पड़ी। लोगों का मानना था कि AIDS पीड़ित को सार्वजनिक तौर पर जलाने से पूरे गांव में रोग फैलने का डर था।

JAIPUR:  सबसे सस्ते प्लाट और फार्म हाउस CALL: 09313166166

मुंबई में करता था मजदूरी...
सूत्रों के मुताबिक- तेंतेई गांव में रहने वाले 35 साल के दलित शख्स की एक हॉस्पिटल में शुक्रवार को मौत हो गई थी। वह मुंबई में मजदूरी कर अपने घर पैसे भेजता था, लेकिन HIV से पीड़ित होने के बाद पिछले कुछ महीने पहले घर लौट आया था। पहले उसे कटक के SCB  हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया, बाद में फैमिली प्राइवेट हॉस्पिटल ले गई, जहां एक लाख रुपए खर्च आया। मृतक के भाई का कहना है कि गांववालों की जिद के आगे उसे झुकना पड़ा। सोचा नहीं था कि AIDS पीड़ित के साथ ऐसा बर्ताव होता है।
HIV रोगियों से भेदभाव रोकने के लिए पास हुआ था बिल... 
तहसीलदार शत्रुघ्न सेठी और पुलिस ने गांव वालों को समझाने की काफी कोशिश की, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। एड्स पीड़ितों से भेदभाव रोकने और अधिकारों की रक्षा के लिए सरकार ने HIV एंड AIDS (प्रिवेंशन एंड कंट्रोल) बिल पास किया है।

 

यह भी पढ़े : बिस्तर में अपने साथी से कुछ ऐसा चाहती हैं लड़कियां...!!

यह भी पढ़े: स्त्री में सम्भोग की इच्छा बढ़ाने के 4 सबसे आसान घरेलू उपाय...

यह भी पढ़े : क्या आप जानते है छोटे स्तन होने के ये 10 फायदे...?

यह भी पढ़े : ताज़ा और रोचक ख़बरों से जुड़े रहने के लिए डाउनलोड करें हमारा एंड्राइड न्यूज़ ऍप



FROM AROUND THE WEB

0 comments

Most Read
Latest News
© 2015 sanjeevni today, Jaipur. All Rights Reserved.