loading...
हाईटेक भिखारी: क्रेडिट और डेबिट कार्ड से भीख लेता हैं यह भिखारी! OMG: दो रुपये के पीछे हुई हाथापाई, वृद्ध ने गवाई जान! ‘कृत्रिम दिल’ की बदौलत 555 दिनों तक जीते रहे ब्रिटेन के लार्किन! गोलगप्पे का स्वाद बढ़ाने के लिए कर डाला ये हैरान कर देने वाला काम! OMG: TV का रिमोट चुराने पर हो गयी 22 साल की जेल! ये हैं भारत के 7 करोड़पति भिखारी, जानें रोज की कमाई? सत्यवादी राजा हरिश्चंद्र के पुत्र रोहिताश्व ने करवाया था इस किले का निर्माण, दीवारों से खून.. जानें इतिहास भारत में मुस्लिम दूसरा सबसे बड़ा बहुसंख्यक: आजाद VIDEO: इस फिल्म में रॉ एजेंट की भूमिका निभायेंगे सुशांत सिंह डॉलर के मुकाबले रुपये में मजबूती, 65 रुपये के स्तर पर आया केजरीवाल सरकार ने दिया था निगम का संपत्ति कर बढ़ाने का निर्देश : मनोज तिवारी संदिग्ध परिस्थितियों में गर्भवती की मौत, हत्या का आरोप नेता सदन के तौर पर योगी तो उनके ठीक सामने नेता प्रतिपक्ष की कुर्सी पर बैठेंगे रामगोविंद चौधरी हथियार सहित शातिर बदमाश गिरफ्तार अवैध देशी शराब की 51 पेटियां बरामद राजा भइया की कोठी पर सजा दरबार, शिकायतों के निस्तारण का कड़ा निर्देश अमर कालोनी : धारदार हथियार से महिला की हत्या PICS: बॉलीवुड की 5 सबसे खूबसूरत अभिनेत्रियां डाकघर बैंक हुआ हिट, दो दर्जन बड़े बैंक चाहते है जुड़ना मगरा व मेवात क्षेत्र की 300 ग्राम पंचायत मुख्यालयों को स्मार्ट विलेज के रूप में किया जाएगा विकसित, ग्राम सेवक का पदनाम होगा ग्राम विकास अधिकारी
नोटबंदी से धीमी पड़ी कारखानों में उत्पादन वृद्धि: PMI
sanjeevnitoday.com | Thursday, December 1, 2016 | 03:14:16 PM
1 of 1

नई दिल्ली। नवंबर माह में नोटबंदी के चलते विनिर्माण क्षेत्र की वृद्धि रफ्तार धीमी पड़ी है। नकदी की कमी के चलते घरेलू खपत कमजोर पड़ने से वस्तुओं के उत्पादन, नए आर्डर पर असर पड़ा है। एक मासिक सर्वेक्षण में यह निष्कर्ष सामने आया है। इसका एक पहलू यह भी है कि मुद्रास्फीतिक दबाव कमजोर पड़ा है और इससे रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समीक्षा में दर में कटौती की उम्मीद बढ़ी है। इससे पहले अक्तूबर में यह 54.4 अंक पर 22 माह के उच्चस्तर पर पहुंच गया था।

पीएमआई के जरिए विनिर्माण क्षेत्र के प्रदर्शन को आंका जाता है। 50 से अधिक अंक विस्तार का संकेत देते हैं जबकि इससे कम होने पर यह संकुचन को दर्शाता है। आईएचएस मार्किट की अर्थशास्त्री और रिपोर्ट तैयार करने वाली पोलीयाना डे लिमा ने कहा की नवंबर के पीएमआई आंकड़े दर्शाते हैं कि 500, 1,000 रपये के नोटों को प्रचलन से अचानक हटा लिये जाने का विनिर्माण गतिविधियों पर असर पड़ा है।

नकदी की कमी से नया काम, खरीदारी गतिविधियां और उत्पादन वृद्धि प्रभावित हुई है।हालांकि, पीएमआई के नवंबर के आंकड़े लगातार 11वें महीने विनिर्माण क्षेत्र में सुधार को दर्शाते हैं। लीमा ने कहा सर्वेक्षण में कई कंपनियों ने निकट भविष्य में गतिविधियों में और प्रभाव पड़ने की आशंका जताई है जबकि दीर्घकाल में नोटबंदी से वृद्धि तेज होने की उम्मीद है, क्योंकि इससे कई गैर-नियमन वाली कंपनियां बाजार से बाहर होंगी।

यह भी पढ़े: रातों रात करोड़पति बना यह गांव... जानिए इसकी वजह!

यह भी पढ़े : ताज़ा और रोचक ख़बरों से जुड़े रहने के लिए डाउनलोड करें हमारा एंड्राइड न्यूज़ ऍप

यह भी पढ़े: नोटबंदी के बीच आईएएस अफसरों ने सिर्फ 500 रूपये में रचाई शादी

यह भी पढ़े: दुनिया के सबसे ठंडे महाद्वीप में पानी नहीं बल्कि बहता है खून, छिपे हैं कई राज



FROM AROUND THE WEB

0 comments

Most Read
Latest News
© 2015 sanjeevni today, Jaipur. All Rights Reserved.